Gujarat Exclusive > गुजरात > अहमदाबाद में काम करने वाले मजदूर की बेटी के अकाउंट में आए 10 करोड़ रुपये

अहमदाबाद में काम करने वाले मजदूर की बेटी के अकाउंट में आए 10 करोड़ रुपये

0
804

अहमदाबाद (Ahmedabad) में काम करने वाले एक मजदूर को उस समय बड़ा झटका तब लगा जब उसकी बेटी ने उसे बताया कि उसके खाते में 10 करोड़ रुपये जमा हो गए हैं. वह शख्स मूल रूप से यूपी का रहने है लेकिन अहमदाबाद (Ahmedabad) के एक गैरेज में काम करता है और अपने परिवार को पैसे भेजता है.

बलिया में साइबर क्राइम का यह मामला सामने आया है. यहां साधारण परिवार की लड़की के खाते में किसी ने करीब दस करोड़ रुपये की रकम ट्रांसफर कर दिए. जब लड़की को जानकारी मिली तो उसके लिए परेशानी खड़ी हो गई. पुलिस में शिकायत करने के बाद अकाउंट को फ्रीज कर मामले की विवेचना की जा रही है.

9 करोड़ 99 लाख ट्रांसफर हुए

बताया जा रहा है कि रूकूनपुरा गांव निवासी सरोज का इलाहाबाद बैंक के बांसडीह ब्रांच में अकाउंट है. उसके खाते में किसी ने 9 करोड़ 99 लाख रुपये बिना उसको बताए ट्रांसफर कर दिया. साधारण परिवार की सरोज के खाते में इतनी बड़ी रकम की जानकारी होने पर उसके होश उड़ गए. मामले की जानकारी होते ही परिजनों की लिखित शिकायत पर पुलिस विवेचना कर दोषियों की तलाश कर रही है.

यह भी पढ़ें: गुजरात में कोरोना के 1402 नए मामले, राज्य में 24 घंटे में 16 लोगों की मौत

सरोज इलाहाबाद बैंक की बांसडीह शाखा में 2018 में खोले गए अपने खाते का पासबुक अपडेट कर प्रिंट करवाने सोमवार को ब्रांच पहुंची. यहां उसको जानकारी मिली कि किसी ने उसके खाते में पैसा ट्रांसफर किया है. आगे जानकारी लेने पर पता चला कि करीब 10 करोड़ की रकम उसके खाते में ट्रांसफर की गई है.

शिकायत में क्या लिखा गया

शिकायती में सरोज ने लिखा है कि दो साल पहले उसको किसी नीलेश नाम के आदमी ने फोन कर आधार और कुछ अन्य दस्तावेज डाक से भेजने को कहा था. बदले में उसने वादा किया था कि सरोज को प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाएगा. इसी दौरान उसे पोस्ट ऑफिस के जरिए एटीएम भी मिला था, जिसको उसने नीलेश के पास उसके बताए तरीके से भेज दिया.

बैंक की तरफ से दी गई प्राथमिक जानकारी में इस खाते से मल्टिपल ट्रांसफर की बात कही जा रही है. वहीं नीलेश कुमार का सरोज के पास उपलब्ध मोबाइल नंबर स्विच ऑफ है. सरोज पढ़ी-लिखी नहीं है. सरोज के पिता अहमदाबाद (Ahmedabad) के गैराज में नौकरी कर परिवार के भरण-पोषण के लिए पैसे भेजते हैं.

गुजराती में ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें