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क्या भारत में सभी को लगेगा कोरोना का टीका? सरकार ने कहा- हमने ऐसा कभी नहीं बोला

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भारत में कोरोना के आतंक के बीच अब इसकी वैक्सीन (Corona Vaccine) ही सबसे कारगर उपाय नजर आ रही है. पूरी दुनिया सहित भारत के लोगों को भी कोरोना वैक्सीन का इंतजार है. इसी बीच कोरोना के टीकाकरण (Corona Vaccine) को लेकर  आईसीएमआर के डीजी बलराम भार्गव ने बड़ा बयान दिया है.

बलराम भार्गव ने कहा कि हमारा मकसद वायरस के ट्रांसमिशन को ब्रेक करना है और अगर ये ब्रेक हो गया तो पूरे देश में टीकाकरण (Corona Vaccine) की जरुरत नहीं पड़ेगी. इसके अलावा स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने कहा कि पूरे देश के टीकाकरण की बात सरकार ने कभी नहीं कही है.

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राजेश भूषण ने ये भी कहा,

पूरे देश के टीकाकरण की बात सरकार ने कभी नहीं कही. साइंस से जुड़े विषयों पर जब हम चर्चा करते हैं तो बेहतर होता कि यदि हम तथ्यात्मक जानकारी हासिल करें और उसके बाद विश्लेषण करें.

स्वास्थ्य मंत्रालय के सचिव राजेश भूषण ने मंगलवार को बताया कि कोरोना महामारी के प्रभाव को देखते हुए हम 16 से 18 महीने के भीतर इस वैक्सीन (Corona Vaccine) को तैयार कर रहे हैं. सबसे जल्दी बनने वाली वैक्सीन (Corona Vaccine) भी 4 साल में तैयार होती है. लेकिन कोरोना महामारी के असर को देखते हुए हम इसे कम समय में बनाने की कोशिश कर रहे हैं. हम कोरोना की वैक्सीन (Corona Vaccine) को 16 से 18 महीने के अंदर बना रहे हैं.

भारत की स्थिति बेहतर Corona Vaccine

इस दौरान स्वास्थय मंत्रालय ने बताया, ”दुनिया के बाकी देशों के मुकाबले भारत की स्तिथि बेहतर है. पिछले 7 दिनों भारत प्रति 10 लाख आबादी में 211 केस है जबकि यूएस में 3354. इसी तरह भारत में प्रति 10 लाख आबादी में 100 मौत हुई जबकि बाकी देशों में कई ज्यादा है. प्रति दिन टेस्ट के मामले में भारत यूएस, रूस, यूके और फ्रांस से आगे है.”

इसके अलावा स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि नवंबर में कोरोना संक्रमण के बाद ठीक होने की संख्या औसत मामलों से अधिक थी. स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने कहा, औसतन 43,152 कोविड -19 मामले थे जो नवंबर में हर दिन रिपोर्ट किए गए थे. इसकी तुलना में, हर रोज ठीक होने वालों की संख्या 47,159 थी.

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