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मास्क मामला: गुजरात हाईकोर्ट के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक

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अहमदाबाद: कल गुजरात हाईकोर्ट ने कोरोना महामारी को गंभीरता से नहीं लेने वाले और सार्वजनिक रूप से मास्क नहीं पहनने वालों को कोविड केयर सेंटर में 10 से 15 दिनों तक हर दिन 5 से 6 घंटों के लिए सेवा देने का फैसला सुनाया था. High court order stayed

हाईकोर्ट के इस फैसले के खिलाफ गुजरात सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट के फैसले पर रोक लगा दी है.

हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट गई थी गुजरात सरकार  High court order stayed

हाईकोर्ट ने इस मामले में राज्य सरकार को परिपत्र जारी करने का निर्देश दिया था. याचिका दाखिल कर सॉलिसिटर जनरल कहा कि इस मामले आज ही सुनवाई होनी चाहिए.

सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि हाईकोर्ट का फैसला योग्य नहीं है. इस फैसले से सजा पाने वाला आदमी खुद कोरोना से संक्रमित हो सकता है.

लेकिन इस दौरान कोर्ट ने चिंता भी जताई कि लोगों को सरकार द्वारा जारी कोरोना गाइड लाइन का पालन करना चाहिए.

बावजूद इसके भी लोग नियमों का पालन नहीं करते तो और ज्यादा सख्ती बरतनी चाहिए. High court order stayed

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5 से 15 दिनों तक 5 से 6 घंटों तक देनी होगी सेवा

गुजरात उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार को स्थानीय कोविड केंद्र में 5 से 15 दिनों तक अनिवार्य रूप से 5 से 6 घंटे सेवा देने का निर्देश दिया है. इस मामले की अगली सुनवाई 4 दिसंबर को होगी.

गुजरात उच्च न्यायालय के समक्ष जवाब देते हुए, राज्य सरकार ने कहा कि जिन लोगों को बिना मास्क पहनने पकड़ा जाता है ऐसे लोगों को कोविड सेंटर में कैसे भेजा जा सकता है इस मुद्दे पर सरकार अभी तक कोई फैसला नहीं कर पाई है. High court order stayed

कोरोना पर काबू पाने के लिए उठाए जा रहे हैं सख्त कदम High court order stayed

राज्य सरकार की ओर से महाधिवक्ता कमल त्रिवेदी ने उच्च न्यायालय को बताया कि जो लोग मास्क नहीं पहनते हैं.

ऐसे लोगों को त्वरित कोविड केयर सेंटर या फिर कोविड अस्पताल में कैसे भेजा जाए इसे लेकर राज्य सरकार अभी तक कोई निर्णय नहीं ले पाई है.

याचिका में जो मांग की गई है इसके कार्यान्वयन के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों की भी आवश्यकता होगी. जबकि मौजूदा वक्त में अधिकांश कर्मचारी विभिन्न सेवाओं में लगे हुए हैं.

हम कड़े कदम उठा रहे हैं और उम्मीद करते हैं कि अगले सोमवार तक स्थिति में सुधार आ जाएगा. High court order stayed

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