Gujarat Exclusive > देश-विदेश > घायल पूर्व नेवी अधिकारी ने कहा, ‘कानून व्यवस्था नहीं संभल रही तो इस्तीफा दें उद्धव’

घायल पूर्व नेवी अधिकारी ने कहा, ‘कानून व्यवस्था नहीं संभल रही तो इस्तीफा दें उद्धव’

0
391

महाराष्ट्र में शिवसैनिकों के हमले में घायल पूर्व नेवी अधिकारी (Retired Navy Officer) मदन शर्मा को अस्पताल से डिस्चार्ज हो गए हैं. अस्पताल ले छुट्टी मिलने के बाद उन्होंने कहा कि अगर सरकार कानून व्यवस्था नहीं संभाल सकती है तो उद्धव ठाकरे को सीएम पद से इस्तीफा दे देना चाहिए.

मदन शर्मा ने कहा कि मेरे साथ बहुत बुरा हुआ. मैं एक वरिष्ठ नागरिक हूं. शिवसैनिक मुझे बात करने के लिए बुलाए थे, लेकिन बिना बातचीत किए, मारना शुरू कर दिया. मारपीट करने के बाद गिरफ्तारी के लिए मेरे घर पुलिस भेज दी गई. पुलिस पर राजनीतिक दबाव है.

पूर्व नेवी अधिकारी (Retired Navy Officer) मदन शर्मा ने कहा,

उद्धव ठाकरे जी से मैं ये बोलना चाहता हूं कि अगर कानून व्यवस्था आप नहीं देख सकते हैं तो इस्तीफा दे दीजिए. जनता को फैसला करने दीजिए कि कौन सी सरकार आकर कानून व्यवस्था को संभालेगी. उनसे नहीं हो रहा है तो उन्हें इस्तीफा देना चाहिए.”

उन्होंने बताया कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मेरे हालचाल लिया, मैंने उन्हें घटना के बारे में बताया है. रक्षा मंत्री ने मदद का वादा किया है. मैंने सुरक्षा की मांग की है. बातचीत के दौरान रक्षा मंत्री ने कहा कि पूर्व सैनिक पर इस तरह का हमला अत्यंत खेदजनक है और इसे स्वीकार नहीं किया जाएगा.

यह भी पढ़ें: जेपी नड्डा ने किया ‘आत्मनिर्भर बिहार अभियान’ का आगाज, तेजस्वी ने उठाए सवाल

पूर्व नेवी अधिकारी (Retired Navy Officer) ने कहा कि कंगना रनौत की घटना से मुझे निराशा हुई थी. वाट्सऐप ग्रुप जिसमें मैंने तस्वीर साझा की है, उसमें विधायक और सांसद हैं. किसी को आपत्ति नहीं थी. अगर उन्हें आपत्ति थी तो मेरे साथ बात करनी चाहिए थी.

उद्धव को माफी मांगनी चाहिए

पूर्व अधिकारी मदन शर्मा (Retired Navy Officer) ने कहा कि उद्धव ठाकरे को जनता से माफी मांगनी चाहिए. उनके पास बड़े से व्यवहार करने का संस्कार नहीं है. बालासाहब महान कॉर्टूनिस्ट थे. कॉर्टून से चीजें निकलकर ऊपर आती हैं. इस कॉर्टून को इनाम देना चाहिए.

क्या है पूरा मामला

पूर्व अधिकारी मदन शर्मा (Retired Navy Officer) ने सोशल मीडिया पर मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का कार्टून फरवर्ड किया था. इस बात से नाराज शिवसेना कार्यकर्ताओं ने उनकी पिटाई कर दी. हालांकि बाद में छह लोगों को गिरफ्तार किया गया, लेकिन शनिवार दोपहर तक सभी आरोपियों को 5 हजार रुपये के मुचलके पर जमानत मिल गई. इसको लेकर अब विवाद गहराता जा रहा है. भाजपा छोड़े गए शिवसैनिकों को फिर से गिरफ्तार करने की मांग कर रही है.

गुजराती में ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें